*आदत* . .....

हम फूल है "सपना"
    अपनी आदत है ऐसी ।
गम देने वाले को भी
   तोहफा खुशी का देते है ।।

...... *अनिता मंदिलवार "सपना"*

Comments

Popular posts from this blog

आल्हा में *अलंकार सीखें और छंद में -समावेश करें-* बिंदु प्रसाद रिद्धिमा*

नवगीत